
नगर के विभिन्न इलाकों से मातमी धुनों के साथ निकाले गए ताज़िए,अखाड़ेबाजों ने खेला हाईदौस ,
टेकरी वाली मस्जिद के पास स्थित कुएं मे शाम को मातमी माहौल में सैराब किए गए ताज़िए
नसीराबाद ( योगेन्द्र बुलचन्दानी ) नगर में रविवार को मोहर्रम का त्यौहार श्रद्धा पूर्वक परम्परागत ढंग से मनाया गया, इस मौके पर नगर के विभिन्न क्षेत्रों से मातमी धुनों के साथ ताज़िए निकाले गए और अखाड़ों में युवकों द्वारा हाई दौस खेला गया , मोहर्रम के जुलूस को देखने के लिए बड़ी संख्या में लोगों की भीड़ मौजूद रही और पुलिस प्रशासन द्वारा सुरक्षा सहित अन्य व्यवस्थाओ हेतु माकूल इंतजाम किए गए।मोहर्रम के मौके पर रविवार को फूला गंज क्षेत्र से सिकन्दर का ताजिया, तेली कुम्हार मोहल्ले से कल्लो का ताजिया, राज नारायण रोड से डबल रोटी वाला ताजिया और गांधी चौक से हाफ़िज़ जी का ताजिया अपने अपने मुकामो से रुखसत हो कर मुख्य बाजार स्थित विजय चौक पहुंचे और दोपहर बाद विजय चौक से चारों ताज़िए एक साथ रवाना हुए और सदर बाजार,हनुमान चौक, फ्रामजी चौक पहुंचे यहां पर काफी देर तक अखाड़े बाजों द्वारा हाई दौस खेला गया।

वहीं पूर्व पीसीसी सचिव महेंद्र सिंह गुर्जर, पूर्व विधायक राम नारायण गुर्जर, पुलिस उप अधीक्षक जनरैल सिंह, सिटी थाना प्रभारी हुकम गिरी छावनी परिषद के पूर्व चेयर मेन मानक चन्द खींची असलम सदर, कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष मोहम्मद हुसैन खान आदि की दस्तार बंदी की गई , इस मौके पर आस पास के ग्रामीण क्षेत्रों से भी काफी तादाद में लोग मौजूद रहे , ताजियों के आगे घोसी, अब्बासी, और दिल्ली वालों के अखाड़ों के पट्ठे हैरतंगेज करतब दिखाते हुए चल रहे थे तथा जुलूस में शामिल युवक ढोल ताशों के साथ मातमी धुन बजा रहे थे, ताजियों का जुलूस फ्राम जी चौक से शहीद स्मारक, सरकारी अस्पताल, और पेट्रोल पंप एरिए से गुजर कर पोस्टल कालोनी के आगे टेकरी वाली मस्जिद के पास स्थित करबला के कुएं पर पहुंचे, जहां पर मातमी धुनों के बीच ताज़ियों को सैराब किया गया, इससे पहले शनिवार को कत्ल की रात में चारों ताज़िए अपने अपने मुकामो से ढोल ताशों की मातमी धुनों के साथ विजय चौक पर आए, जहां पर रात भर अखाड़े बाजों द्वारा हाई दौस खेला गया और फज्र की नमाज़ से पहले सभी ताज़िए पुनः अपने अपने मुकामो पर वापस लौट गए,
