अजमेर सरस डेयरी अध्यक्ष श्री रामचंद चौधरी के मुख्य आतिथ्य में आज परिसर में 72वाँ अखिल भारतीय सहकार सप्ताह उत्साहपूर्वक मनाया गया
भारत भूमि (सम्पादक – प्रदीप टिक्यानी) अजमेर : अजमेर सरस डेयरी अध्यक्ष श्री रामचंद चौधरी के मुख्य आतिथ्य में आज परिसर में 72वाँ अखिल भारतीय सहकार सप्ताह उत्साहपूर्वक मनाया गया, जिसमें अध्यक्ष श्री चौधरी ने सहकारिता को ग्रामीण भारत की आर्थिक रीढ़ बताते हुए कहा कि सहकारिता ही आत्मनिर्भर भारत का मजबूत आधार है। उन्होंने किसानों को समय पर भुगतान, गुणवत्ता सुधार तथा उत्पादन क्षमता बढ़ाने हेतु डेयरी द्वारा किए जा रहे सतत प्रयासों की जानकारी देते हुए अतिरिक्त रजिस्ट्रार सहकारी समितियाँ अजमेर खंड श्री संजय कुमार का पुष्पगुच्छ भेंट कर स्वागत किया और उन्हें डेयरी प्लांट निर्माण में आई कठिनाइयों, लॉकडाउन की चुनौतियों व जीएसटी लागू होने के बाद सामने आई समस्याओं से अवगत कराया। प्रबंध संचालक श्री रामलाल चौधरी ने पारदर्शिता, गुणवत्ता और किसानों के हितों को सर्वोच्च प्राथमिकता बताते हुए बताया कि आधुनिक तकनीक, प्रसंस्करण क्षमता वृद्धि तथा उत्पादक समितियों को सशक्त बनाने की दिशा में अनेक महत्वपूर्ण कदम उठाए गए हैं। कार्यक्रम में विशिष्ट अतिथि के रूप में अतिरिक्त रजिस्ट्रार श्री संजय कुमार ने दुग्ध सहकारिता को आत्मनिर्भर भारत का प्रभावी मॉडल बताया, उपरजिस्ट्रार श्री राजीव कुमार ने सहकारी समितियों को किसानों तक सीधा लाभ पहुँचाने का सर्वोत्तम माध्यम बताया, जबकि अजमेर सेंट्रल को-ऑपरेटिव बैंक के प्रबंध संचालक श्री हरीश सिवासिया ने बैंक और डेयरी के तालमेल को किसानों के आर्थिक उत्थान का आधार बताया। विशेष लेखा परीक्षक श्री अनिल गोयल ने कहा कि मजबूत वित्तीय अनुशासन किसी भी सहकारी संस्था की नींव है और अजमेर डेयरी इस क्षेत्र में उत्कृष्ट उदाहरण प्रस्तुत कर रही है। कार्यक्रम में संचालक मंडल के सदस्य श्री छोगा लाल चौधरी, श्री दिनेश सिंह राठौड़, श्री मोती गुर्जर, श्री लादूराम शर्मा, श्री भागचंद घासल, श्री राजेंद्र कुमार चौधरी, श्री रूपचंद नुवाद सहित बड़ी संख्या में डेयरी अधिकारी उपस्थित रहे, जिनमें प्रमुख रूप से उपप्रबंधक (P&I) श्री लादूराम चौधरी, श्री भारतेंदु पाराशर, प्रभारी प्लांट श्री नगेन्द्र जोशी, श्री निलेश शर्मा तथा अन्य अधिकारी-कर्मचारी शामिल रहे। कार्यक्रम का समापन सहकारिता को और मजबूत करने तथा किसानों, दुग्ध उत्पादकों व सहकारी समितियों के हित में कार्य करने के संकल्प के साथ हुआ।
